चयनकर्ताओं ने बर्बाद किया इन क्रिकेटरों का करियर, नहीं तो होते बड़े स्टार

चयनकर्ताओं ने बर्बाद किया इन क्रिकेटरों का करियर, नहीं तो होते बड़े स्टार
 
चयनकर्ताओं ने बर्बाद किया इन क्रिकेटरों का करियर, नहीं तो होते बड़े स्टार

भारतीय क्रिकेट टीम में जगह पाने के लिए ना जाने कितनी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है. लेकिन टीम में बने रहने के लिए उससे भी ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है. आज हम आपको कुछ ऐसे क्रिकेटरों के बारे में बता रहे हैं जिनका करियर चयनकर्ताओं की वजह से खत्म हो गया. नहीं तो वह बड़े स्टार होते.

चयनकर्ताओं ने बर्बाद किया इन क्रिकेटरों का करियर, नहीं तो होते बड़े स्टार

वसीम जाफर 

वसीम जाफर ने घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन किया. उन्हें जब भारतीय टीम से ड्रॉप किया गया था तो उन्होंने चयनकर्ताओं के फैसले पर सवाल उठाए थे. इसके बाद वसीम जाफर को भारतीय टीम में कभी दोबारा वापसी करने का मौका ही नहीं मिल पाया. 

फैज फजल 

फैज फजल को चयनकर्ताओं ने लगातार नजरअंदाज किया. इस वजह से एक दिन उन्होंने चयनकर्ताओं के फैसले पर सवाल उठाया और पूछा कि क्या हमने लगातार दो बार रणजी ट्रॉफी और ईरानी कप जीता है और शायद उन्हें चयनकर्ताओं के खिलाफ आवाज उठाना भारी पड़ गया.

मनोज तिवारी

मनोज तिवारी ने भारतीय टीम से बाहर होने के बाद जब घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन किया, तब भी उन्हें मौका नहीं दिया गया. इस वजह से उन्होंने चयनकर्ताओं पर सवाल खड़े किए थे. लेकिन उनका यह बयान देना भारी पड़ गया और उन्हें कभी फिर भारतीय टीम में मौका नहीं मिला.

अंबाती रायडू 

अंबाती रायडू को जब वनडे वर्ल्ड कप टीम में जगह नहीं दी गई थी तो उन्होंने चयनकर्ताओं के फैसले पर सवाल किया था. एमएसके प्रसाद के विजय शंकर को 3D ऑप्शन बताने वाले बयान पर अंबाती रायडू ने तंज कसा था और इसके बाद उन्हें फिर टीम में मौका दिया ही नहीं गया.

From around the web