वो खिलाड़ी जिसने टेस्ट के पहले दिन ही अंगूठा टूटने के बावजूद एक हाथ से की बल्लेबाजी और चटकाए 7 विकेट

वो खिलाड़ी जिसने टेस्ट के पहले दिन ही अंगूठा टूटने के बावजूद एक हाथ से की बल्लेबाजी और चटकाए 7 विकेट
 
वो खिलाड़ी जिसने टेस्ट के पहले दिन ही अंगूठा टूटने के बावजूद एक हाथ से की बल्लेबाजी और चटकाए 7 विकेट

क्रिकेट के मैदान पर खिलाड़ियों का चोटिल हो जाना आम बात है. आज तक कोई भी खिलाड़ी ऐसा नहीं होगा जो कि क्रिकेट के मैदान पर चोटिल ना हुआ हो. चोट के चलते कई बार खिलाड़ियों का करियर भी बर्बाद हो जाता है. लेकिन कई बार ऐसे भी वाक्या देखने को मिले जब खिलाड़ी ने चोटिल होने के बावजूद भी मैदान नहीं छोड़ता और अपनी टीम को जिताने के लिए जी-जान से कोशिश करते रहे. आज हम आपको एक ऐसे ही क्रिकेटर के बारे में बताने जा रहे हैं जिसकी टेस्ट मैच के पहले दिन ही अंगूठे की हड्डी टूट गई थी. लेकिन इसके बावजूद उसने एक हाथ से बल्लेबाजी की और उसके बाद भी चटकाए.

वो खिलाड़ी जिसने टेस्ट के पहले दिन ही अंगूठा टूटने के बावजूद एक हाथ से की बल्लेबाजी और चटकाए 7 विकेट

हम बात कर रहे हैं वेस्टइंडीज के पूर्व क्रिकेटर मैकलम मार्शल की. 80 के दशक में मैकलम मार्शल की तूती बोलती थी. वेस्टइंडीज के इस घातक गेंदबाज से दुनिया भर के बल्लेबाज खौफ खाते थे. 1984 में हैडिंग्ली टेस्ट के दौरान बल्लेबाजी करते हुए मार्शल ने बहादुरी का परिचय दिया था. वो इतिहास में दर्ज हो गया. 

इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट मैच के पहले दिन मार्शल के बाएं हाथ का अंगूठा टूट गया. लेकिन उन्होंने मैदान नहीं छोड़ा. मार्शल की उंगली में प्लास्टर लगा था और डॉक्टर ने उन्हें आराम करने की सलाह दी थी. लेकिन मार्शल नहीं माने. मार्शल ने इस मैच में एक हाथ से बल्लेबाजी की. पहली पारी में इंग्लैंड की ओर से 270 रन बनाए. 

जवाब में बल्लेबाजी करने उतरी वेस्टइंडीज की टीम की हालत बहुत खराब हो गई. एक के बाद एक 9 बल्लेबाज पवेलियन लौट गए. जिसके बाद मार्शल को बैटिंग के लिए आना था. उस समय लैरी गोम्स 96 रन पर नाबाद थे और अपने शतक के करीब थे. सभी को लगा कि आप लैरी गोम्स का शतक नहीं हो पाएगा. लेकिन मार्शल अपना टूटा हुआ अंगूठा लेकर बल्लेबाजी करने उतरे और एक हाथ से बैट पकड़कर बल्लेबाजी की. वह गोम्स की सेंचुरी पूरी होने तक मार्शल दूसरे छोर पर मजबूती से डटे रहे और एक हाथ से बल्लेबाजी करते रहे. 

मार्शल ने इस मैच में 8 गेंदों में एक चौके की मदद से 4 रन बनाए थे. इस मैच में उनकी बहादुरी की कहानी यहीं खत्म नहीं होती. फील्डिंग करने उतरी वेस्टइंडीज की टीम में मार्शल टूटे अंगूठे के साथ शानदार गेंदबाजी की. मार्शल ने टूटे अंगूठे के साथ शानदार गेंदबाजी करते हुए 53 रन देकर 7 विकेट झटके. यह मुकाबला वेस्टइंडीज ने 8 विकेट से जीता था.

From around the web