Loading...

कार की विंडशील्ड तिरछी होती है, जबकि बस की सीधी होती है जाने क्यों ?

0 71

कार और बस तो हम सबने देखी होगी. इनमें ड्राइवर के सामने लगे हुए कांच को विंडशील्ड कहा जाता है. यह आगे पीछे दोनों तरफ होते हैं. आपने देखा होगा कि कार की विंडशील्ड तिरछी होती है, जबकि बस की लगभग सीधी होती है. अगर बात स्पीड की हो तो वोल्वो बस की स्पीड भी कार से कम नहीं होती.

क्या है विंडस्क्रीन

गाड़ी में लगने वाले शीशों को विंडस्क्रीन कहा जाता है. यह गाड़ी चलाते समय तेज हवा यानी विंड को रोकने का काम करती हैं. इसके अलावा यह धूल-कंकड़, कीड़े-मकोड़ों को कार में नहीं आने देती. कार के आगे वाले शीशे को फ्रंट विंडशील्ड और पीछे वाले को रीयर विंडशील्ड कहा जाता है. हालांकि अब कार में केवल शीशा नहीं बल्कि एक उच्च तकनीक वाली सेफ्टी डिवाइस का इस्तेमाल किया जाता है. आमतौर पर विंडशील्ड दो तरह के होते हैं- लैमिनेटेड और टेम्पर्ड.

लैमिनेटेड और टेम्पर्ड विंडशील्ड में अंतर

Loading...

लैमिनेटेड विंडशील्ड शीशे के दो टुकड़े चिपका कर बनाई जाती है , जिसके बीच में प्लास्टिक की परत होती है, जो इम्पैक्ट होने पर टूटकर बिखरता नहीं है. सुरक्षा के लिहाज से टेम्पर्ड विंडशील्ड की अपेक्षा लैमिनेटेड विंडशील्ड काफी मजबूत होती है. जबकि टेम्पर्ड विंडशील्ड साधारण शीशे की होती है जो छोटे-छोटे टुकड़ों में टूट जाती है. इसीलिए कानूनी रूप से गाड़ियों में आगे लैमिनेटेड विंडशील्ड होनी चाहिए.

सवाल का उत्तर

आधुनिक जमाने में विंडशील्ड मजबूत होना बहुत जरूरी है, ताकि हवा के प्रेशर से वह टूट ना जाए. कार में विंडशील्ड तिरछी लगाई जाती है क्योंकि कार अधिकतम को स्पीड न्यूनतम पर में प्राप्त कर सके. अगर विंडशील्ड को बस की तरह सीधा लगाया जाएगा तो कार का यह गुण खत्म हो जाएगा. दूसरी बात यह है कि तिरछी विंडशील्ड हवा को काटने का काम करती है, जिससे ड्राइविंग स्मूथ और एवरेज थोड़ा अच्छा हो जाता है. अगर हम बस में विंडशील्ड को तिरछा कर देंगे तो उसके एवरेज पर कोई उल्लेखनीय असर नहीं पड़ेगा.

Loading...

Leave A Reply

Your email address will not be published.