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पेप्सी, कोका-कोला की खाली बोतलों को फेंकने की वजाए उनसे कमाएं पैसे, जानें कैसे

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यह तो शायद आपको पता ही होगा कि पिछले सप्ताह महाराष्ट्र में प्लास्टिक को बैन कर दिया गया. महाराष्ट्र में प्लास्टिक बैन हो जाने के बाद कोको-कोला, पेप्सी और बिसलरी जैसी टॉप ब्रांडेड कंपनियों ने महाराष्ट्र में बिकने वाली सभी प्लास्टिक की बोतलों पर बायबैक मूल्य प्रिंट करना स्टार्ट कर दिया है. यानी कि अब ग्राहक इन बोतलों का उपयोग करने के बाद इन्हें वापस भी कर सकते हैं और उन्हें बोतलों के ऊपर लिखी हुई राशि के अनुसार पैसा मिल जाएगा.

वहीं सरकार ने इन सभी कंपनियों को बायबैक मूल्य को थोड़ा नरम रखने की भी इजाजत दे दी है, लेकिन इनमें अधिकतर कंपनियों ने एक बोतल की कीमत को 15 तय किया है. वही इंडस्ट्री के कुछ अधिकारियों का कहना है कि यह बायबैक सिस्टम पूरी तरह से फुलप्रूफ नहीं है. इससे कई तरह की जटिलताएं पैदा हो सकती हैं.

इस सब को लेकर बिसलरी के चेयरमैन रमेश चौहान ने कहा कि ‛इकट्ठा होने वाले प्लास्टिक के कचरे को रिसाइकल करने के लिए पहले से ही प्रणाली मौजूद है. हमें नए तरीके की प्रक्रियाओं को शुरू करने की जगह कचरा उठाने वालों के लिए रिसाइकिलिंग के मौजूदा तंत्र को और भी ज्यादा कुशल और लाभदायक बनाना चाहिए.’

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दूसरी तरफ पेप्सी के प्रवक्ता ने कहा कि ‛कंपनी ने अब प्लास्टिक की बोतलों की बायबैक वैल्यू को 15 तय कर दिया है. केवल महाराष्ट्र में बिकने वाली बोतलों पर इस बायबैक वैल्यू को लिखा जा रहा है.’ इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि ‛हम जेम एनवायरो के साथ मिलकर इस काम को करने वाले हैं. यह कंपनी रिवर्स वेंडिंग मशीन सेट करेगी, कलेक्शन पॉइंट्स बनाएगी. राज्य में बायबैक प्रोग्राम को और भी ज्यादा आगे बढ़ाने के लिए कई प्रयास किए जाएंगे. इसके साथ ही बोतलों के कलेक्शन के लिए कई सारे सेंटर्स भी बनाए जाएंगे.’

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